गुड़ की चाय पीने के फायदे और नुकसान | Gud Ki Chai Pine Ke Fayde Aur Nuksan

सर्दियों में गुड की चाय का स्वाद के साथ ही हमारी सेहत के लिए भी लाभदायक होती है। भारत में ज्यादा से ज्यादा लोग चाय के शौकीन होते हैं। और सर्दियों में गुड़ की चाय अलग स्वाद के साथ कई प्रकार से लाभदायक भी होती है। गुड़ की चाय हमारे शरीर में गर्मी बनाये रखने के साथ ये हमारे शरीर को आयरन और कई और पोषक तत्व प्रदान करती है। लेकिन कुछ लोग बहुत ही ज्यादा मात्रा में चाय का सेवन करते हैं। जो कि जगह हमारे स्वास्थ्य को नुकसान पहुँचाती है। क्योंकि आप सभी जानते ही होंगे की गुड़ गर्म होता है। गुड़ का सेवन एक सिमित मात्रा में लाभदायक होता है। इसके अधिक सेवन से आपका वजन बढ़ने का खतरा भी। साथ ही गर्मी के कारण आपकी नाक से खून बह सकता है। आज हम गुड़ की चाय पीने के फायदे और नुकसान के बारे में जानेंगे।

कलौंजी और जैतून के तेल के फायदे : Kalonji Aur Jaitun Tel Ke Fayde

गुड़ की चाय पीने के फायदे और नुकसान | Gud Ki Chai Pine Ke Fayde Aur Nuksan
गुड़ की चाय पीने के फायदे और नुकसान | Gud Ki Chai Pine Ke Fayde Aur Nuksan

गुड़ की चाय के फायदे और नुकसान

गुड़ की चाय के फायदे

  • इम्युनिटी बढ़ाये – जिन लोगों की रोगप्रतिरोधक क्षमता कमजोर होती है। उनके लिए गुड़ की चाय लाभदायक साबित हो सकती है। गुड़ में पाए जाने वाले विटामिन्स और पोषक तत्व हमारी इम्युनिटी को मजबूत करते हैं।
  • एनीमिया को करे दूर – कुछ लोगों को उनके व्यक्त जीवन शैली के कारण उनके अनियमित खान-पान के कारण एनीमिया की जाती है। वो लोग गुड़ की चाय का सेवन कर सकते हैं। गुड़ में आयरन अधिक मात्रा में पाया जाता है। जो कि हमारे शरीर में खून की कमी को दूर करने में सहायक होता है।
  • शुगर में लाभकारी – जिन लोगों को को शुगर की समस्या होती है। वो गुड़ की चाय सकते हैं। लेकिन थोड़ी मात्रा में। क्योंकि शुगर के रोगियों को चीनी खाने मनाही होती है। इसलिए आप गुड़ चाय का सेवन कर सकते हैं। लेकिन इसका सेवन भी आप एक सीमित मात्रा में कर सकते हैं।
  • पेट और पाचन के लिए लाभदायक – गुड़ की चाय के सेवन से हमारा पाचन तंत्र मजबूत होता है। गुड़ की चाय पीने से हमारी पेट से संबंधित कई समस्यायें दूर होती हैं। पेट और पाचन तंत्र को स्वस्थ रखने के लिए आप गुड़ की चाय का सेवन कर सकते हैं।
  • सर्दी-जुखाम और माइग्रेन में लाभकारी – गुड़ गर्म होता है। जो कि सर्दी जुखाम में हमारे लिए लाभदायक हो सकता है। इसके साथ ही गुड़ की चाय हमारे माइग्रेन के दर्द में राहत देती है।
  • गुड़ की चाय एंटी-एजिंग का काम भी करती है। गुड़ में पाए जाने वाले तत्व हमारी त्वचा पर उम्र के प्रभाव को कम करते हैं। लेकिन कभी भी एक दिन में गुड़ की चाय का सेवन 2 या 3 कप से अधिक न करें।

बड़ी इलायची के फायदे: Badi Elaichi ke Fayde

गुड़ की चाय पीने के नुकसान

  • ज्यादा मात्रा में गुड़ की चाय के सेवन से आपका ब्लड शुगर लेवल बढ़ने का खतरा होता है।
  • गुड़ की चाय के अधिक सेवन से आपको गर्मी की समस्या हो सकती है।
  • अगर आप ज्यादा मात्रा में गुड़ की चाय का सेवन करते हैं। तो आपका वजन बढ़ने का भी खतरा रहता है। क्योंकि गुड़ में कैलोरी अधिक मात्रा में पाई जाती है।
  • गुड़ को कम मात्रा में रिफाइंड किया जाता है। ऐसे में घर में बनाये गए गुड़ में बैक्टीरिया ज्यादा हो सकते हैं। इससे बनी चाय का सेवन करने से आपको आँतों से जुडी समस्या हो सकती है।

यह केवल सामान्य जानकारी है, जिसका पालन की हम अपने सामान्य जीवन में कर सकते हैं। गुड़ में कुछ औषधीय तत्व पाये जाते हैं। इनके कारण ही गुड़ खाने की सलाह दी जाती है। यदि आपको मीठे से किसी भी तरह की समस्या है। तो पहले अपने डॉक्टर की सलाह ले लें। तभी आप गुड़ की चाय का सेवन करें।

चिया बीज के 7 फायदे – Chia Seeds Ke 7 Fayde

गुड़ की चाय पीने के फायदे और नुकसान सम्बंधित प्रश्न

गुड़ की चाय पीने के क्या फायदे होते हैं ?

गुड़ की चाय पीने से शरीर को बहुत स्वास्थ्य लाभ होते हैं जैसे:- इम्युनिटी को बढ़ाना, एनीमिया को दूर करना, पाचन चक्ति मजबूत करना, माइग्रेन के दर्द को ठीक करना आदि।

गुड़ की चाय पीने के क्या नुकसान हो सकते हैं ?

गुड़ की चायएक सीमित मात्रा में पीएं तो ही ठीक रहता है। अधिक मात्रा में पीने से ब्लड शुगर लेवल बढ़ सकता है, शरीर में गर्मी की समस्या बढ़ सकती है, वजन बढ़ने का खतरा भी बढ़ जाता है आदि। सीमित मात्रा में इसका इस्तेमाल शरीर के लिए ठीक रहता है।

गुड़ ठंडा होता है या गर्म ?

गुड़ मुख्यतः गर्म होता है, यह शरीर में गर्मी प्रदान करता है, यह शरीर में कब्ज को रोकता है साथ ही पाचन एंजाइम को सक्रीय करने का काम करता है। रोजाना खाने के बाद इसे खाने से इसके उष्ण गुण से पाचन में सुधार आता है।

क्या मधुमेह के मरीज इस चाय को पी सकते हैं ?

गुड़ का ग्लाइसेमिक इंडेक्स अधिक होता है जिस कारण मधुमेह के मरीज को इसे पीने की सलाह नहीं दी जाती है।

Leave a Comment

Join Telegram